जल सुख और धन भी है

जल सुख और धन भी है

ज्योतिष के आधार पर जल सुख और धन का कारक है
जितना हम पानी का दुरूपयोग करेंगे उतना नुक़सान सहना पड़ेगा

जिनकी कुंडली में चंद्र नीच स्थान,पाप ग्रह के साथ एवं अष्ठम स्थान पर हो उन्हें इसका अधिक ध्यान देना चाहिए

 

खुशियों के साथ शरीर को स्वस्थ रखने के लिए होली मनाई जाती है इसलिए हमें संकल्प लेना चाहिए की हम प्राकृतिक रंगो से त्यौहार मनाए

प्राकृतिक रंगो को शरीर में लगाने से रोग दूर भागते है , केमिकल से बने रंगों को शरीर से छुड़ाने में पानी भी अधिक बर्बाद होता है

प्रकृति, और देश हित में पानी बचाएं

स्वच्छ भारत अभियान की दिशा में एक प्रयास,
यह सन्देश जन जन तक पहुंचाए

Jayant Pandey
Brandastrologer

www.brandastrologer.com

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